द फॉलोअप टीम, दिल्ली:
चीन के साथ जारी सीमा विवाद के बीच भारत अरुणाचंल प्रदेश में आधारभूत ढांचा का विकास कर रहा है। इस सिलसिले में वहां एक सुरंग बनाई जा रही ताकि कनेक्टिविटी को मजबूत किया जा सके। मिली जानकारी के मुताबिक सीमा सड़क संगठन वर्तक नाम की परियोजना के तहत नेचिफू सुरंग का निर्माण करवा रही है। कहा जा रहा है कि इससे काफी फायदा होगा।
किसी भी मौसम में उपयोगी है सुरंग
बीआरओ के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर अनंत के सिंह ने बताया कि इस सुरंग का इस्तेमाल किसी भी मौसम में किया जा सकेगा। ये यात्रा की दूरी को तकरीबन 6 किमी तक कम करेगी। यात्रा में लगने वाला समय भी 20 मिनट तक कम हो जायेगा। उन्होंने बताया कि परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य वैसे तो अगस्त 2022 तय किया गया है लेकिन हम इसे समय से पहले ही पूरा कर लेंगे।

सुरंग की खासियत जान हैरान हो जायेंगे
सीमा सड़क संगठन के कार्यकारी इंजीनियर अनंत के सिंह ने कहा कि सुरंग की लंबाई 500 मीटर होगी। सुरंग की ऊंचाई 5600 मीटर है। उन्होंने बताया कि टनल बालीपारा-चारदुआर तवांग रोड के सात 82 से 88 किमी सड़क का निर्माण करवाया जा रहा है। गौरतलब है कि हाल ही में भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष जेपी नड्डा ने अरूणांचल प्रदेश का दौरा किया था जिसपर चीन ने आपत्ति जताई थी। मई 2020 से सीमा पर तनाव ज्यादा बढ़ गया है।
