चंडीगढ़:
हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में बड़ी कार्रवाई की गई है। आय से अधिक संपत्ति मामले में ओमप्रकाश चौटाला को 4 साल की सजा सुनाई गई है। पूर्व मुख्यमंत्री पर 50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। कोर्ट ने चौटाला की 4 संपत्तियों को भी जब्त करने का आदेश सुनाया है।

गुरुवार को मामले में हुई थी सुनवाई
गौरतलब है कि मामले में गुरुवार को सुनवाई हुई थी। गुरुवार को सुनवाई के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था। गौरतलब है कि विशेष न्यायाधीश विकास ढुल ने साल 1993 से 2006 के दौरान आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के दोषी करार दिए गये ओमप्रकाश चौटाला और सीबीआई के वकीलों की गुरुवार को बहस सुनी थी। ओपी चौटाला ने बहस के दौरान बुढ़ापे और हेल्थ को आधार बनाकर कम से कम सजा देने का अनुरोध किया था।

सीबीआई ने अधिकतम सजा की मांग की थी
वहीं सीबीआई ने अधिकतम सजा की मांग करते हुए कहा था कि इससे समाज में संदेश जाएगा। एजेंसी ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री का इतिहास बेदाग नहीं है। ये दूसरा मामला है जिसमें उनको दोषी करार दिया गया है। अदालत ने पिछले सप्ताह चौटाला को दोषी करार दिया था और कहा था कि आरोपी इस दौरान अतिरिक्त आय का स्त्रोत बपा पाने में नाकाम रहा।
चौटाला के खिलाफ 2005 में दर्ज हुआ था केस
बता दें कि पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला के खिलाफ साल 2005 में सीबीआई ने मामला दर्ज किया था। एजेंसी ने 26 मार्च 2019 को चार्जशीट दाखिल किया औऱ कोर्ट को बताया कि चौटाला ने साल 1993 से लेकर 2006 के बीच आय से अदिक संपत्ति अर्जित की। सीबीआई द्वारा दर्ज प्राथमिकी के मुताबिक चौटाला ने 24 जुलाई 1999 से 5 मई 2005 तक हरियाणा का मुख्यमंत्री रहते परिवार तथा अन्य लोगों के साथ सांठगांठ कर आय से अधिक संपत्ति अर्जित की।