logo

33% महिला आरक्षण पहले से पारित है, प्रधानमंत्री फैला रहे हैं झूठ- सुप्रियो भट्टाचार्य  

SUPRIYO_DA.jpg

रांची 

जेएमएम के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने आज प्रेस वार्ता कर केंद्र सरकार पर हमला बोला। जेएमएम नेता ने कहा, 33% महिला आरक्षण पहले से पारित है, प्रधानमंत्री झूठ फैला रहे हैं। सुप्रियो ने कहा, हम जिस देश में रहते हैं वो देश आस्थाओं, मान्यताओं, परंपराओं, विरासत का एक समृद्ध संग्रह है। ये केवल सामाजिक समृद्धता नहीं है, ये राजनैतिक, लोकतांत्रिक और संवैधानिक भी समृद्धता है। मै आज इस बात को इसलिए कह रहा हूं क्योंकि कल संध्या 8:30 बजे देश के प्रधानमंत्री ने देश को संबोध किया और यह संबोधन 1947 से लेकर आज तक के सभी प्रधानमंत्रियों का जो राष्ट्र के नाम संबोधन होता है, उसकी 80वां कड़ी थी। 2025 में 14 अगस्त को प्रधानमंत्री जी ने राष्ट्र के नाम संबोधन किया था वह 79वां था। पहला संबोधन जवाहरलाल नेहरू जी ने किया था 1947 मे और कल का संबोधन 80वां संबोधन था। इस बीच मे हमारे जितने भी प्रधानमंत्री हुए ज्यादातर समय पर स्वतंत्रता दिवस के पूर्व संध्या पर उनका राष्ट्र के नाम संबोधन होता है और कुछ विशेष परिस्थितियों में जब देश पर कोई संकट हो जैसे बांग्लादेश का युद्ध, पाकिस्तान का युद्ध चीन का युद्ध, खाद्य संकट, कोरोना का विपत्ति काल उस वक्त में राष्ट्र का संबोधन जो राष्ट्रीय समस्या है चुनौतियां है उससे सरकार कैसे निपटेगी, सरकार के क्या प्लान है और लोगों में एक भरोसा देने के लिए प्रधानमंत्री का संबोधन होता है।

देश का प्रधानमंत्री भी झूठा

प्रधानमंत्री का संबोधन लगभग 20 से 25 मिनट का एवरेज होता है लेकिन मोदी जी ने उसको भी तोड़ा, 103 मिनट का उनका संबोधन हुआ। कल का संबोधन भी 29 मिनट का था। और पहली बार देश ने प्रधानमंत्री को चार तिरंगे के सामने खड़ा होकर देश के सबसे पुराने राजनीतिक दल के साथ-साथ, राष्ट्रीय राजनीतिक दल के साथ-साथ, देश के समाजवादी विचारधारा के साथ-साथ, जिनके दहलीज पर बार-बार वो राजनीतिक ठोकर खाते हैं, वो टीएमसी और डीएमके को लेकर राष्ट्र को संबोधन किया। यह राजनीतिक वक्तव्य था। राष्ट्रपताखा के सामने वो देश के प्रधानमंत्री राजनीतिक दल के मंच पर वो भारतीय जनता पार्टी के नेता हैं। सुप्रियो ने कहा, जिस प्रकार से उन्होंने संविधान पर आघात किया था, यही आघात वो डिलिमिटेशन करके चुनाव की प्रक्रिया और भारत के संविधान को तारतार करने का कर रहे थे। इसीलिए उन्हें परास्त होना पड़ा। लोकसभा के अंदर। देश के प्रधानमंत्री झूठ बोले कल की विपक्ष महिला आरक्षण विधेयक को पास नहीं होने दिया। देश को झूठ बोला प्रधानमंत्री ने। भाजपा का नेता तो झूठा है ही, इस देश का प्रधानमंत्री भी झूठा है। सितंबर 2023 मे संविधान का 106वाँ रिफॉर्म हुआ, उसमें महिला आरक्षण आज भी सुरक्षित है, 33% महिला आरक्षण आज भी जिंदा है। और वो तबतक जिंदा रहेगा जबतक भारत का संविधान रहेगा। उसका क्रियान्वयन में आप ने वादाखिलाफी की। उसमें लिखा है, 2025 में जनगणना होगी तत्पश्चात डिलिमिटेशन होगा 29 से वो लागू होगा।

मुख्य चुनाव आयुक्त जो आपका तोता है

आप अपराधी है, आपने महिलाओं का अपमान किया है। आपने 2025 का वादा नहीं निभाया है। आपने परिसीमन को घूंघट पहनाकर महिला आरक्षण बना दिया। अबतक हमारे देश में दो बार परिसीमन हुआ है, उसकी एक परंपरा रही है। सुप्रीम कोर्ट का रिटायर्ड जज उसके कमीशन का चेयरमैन होता है, उसमें 50 मेंबर होते हैं जिसमें आधे सामाजिक क्षेत्र के विशेषज्ञ होते हैं। और आधे मेंबर न्यायिक क्षेत्र के विशेषज्ञ होते हैं। आपने कहा कि ये काम तीन सदस्यीय समिति का होगा। जिसमें हाईकोर्ट का रिटायर्ड जज अध्यक्ष होगा मतलब। गुजरात का रिटायर्ड जज। एक मुख्य चुनाव आयुक्त जो आपका तोता है, किसी एक राज्य का मुख्य चुनाव पदाधिकारी है, किसी एक राज्य का मुख्य चुनाव पदाधिकारी है। मतलब अंडमान निकोबार का भी चुनाव पदाधिकारी है। सुप्रियो ने प्रधानमंत्री को संबोधित करते हुए कहा, आपके कहने पर 2023 को महिला आरक्षण दिया गया फिर आप कैसे बोल दे रहें कि वो समाप्त हो गया। और अभी बाहर बाहर से लोगों को बुलाया जा रहा ढोल पीटने के लिए। प्रधानमंत्री आज बांकुड़ा जिले मे बोल रहे थे। हमने संथाल महिला को राष्ट्रपति बनाया। इनलोगों अपमान किया था। बताइए भारत रत्न के समय अडवाणी जी के साथ फोटो खिंचवा रहे थे और माननीय राष्ट्रपति जी खड़ी थीं। आपने कौन सा सम्मान दिया था। आपने कह कि राष्ट्रपति बंगाल गयीं, ममता दी नहीं गयीं। उनका अपमान हुआ, और जब नालंदा गए तब ना नीतीश बाबू गए, ना सम्राट चौधरी गए तो कौन सा मान हुआ। 

वीपी सिंह ने ओबीसी को आरक्षण दिया

सुप्रियो ने कहा, जनगणना शुरू हो गयी है। जातीय जनगणना साथ होगा और जब महिला आरक्षण होगा तो 27% ओबीसी भी होगा। एसटी एससी के साथ ओबीसी भी होगा। यही तो डर था आपका ओबीसी के नाम राजनीति करेंगे, खुद को ओबीसी बोलेंगे, लेकिन ओबीसी को आरक्षण नहीं देंगे। डरते हैं ओबीसी से। जब 92 में मंडल कमीशन की रिपोर्ट आयी, वीपी सिंह ने ओबीसी को आरक्षण दिया। आपने डरकर कमंडल उठा लिया था। आपने हिंदुओं के बीच प्रगति की लकीरें खींच दीं। कल उनका भाषण देश के लिए शर्मिंदगी का दिन था। और अब भी मै कहता हूं कि भाजपा जब जब इस देश के बुनियाद को, इस देश के तानाबाना को, इस देश के संविधान को छेड़ने जाएगी, समस्त विपक्ष उनके मंसूबों को नेस्तनाबूत करेगा।

Tags - JMM central general secretary Supriyo Bhattacharya attack on central government 33 percent women reservation already passed prime minister spreading liesJMM JharkhandPrime Minister Narendra ModiNaari Shakti Vandan Adhiniyam