द फॉलोअप डेस्क
गुमला जिले में सड़क सुरक्षा को सुदृढ़ करने और नियमों की अवहेलना करने वाले वाहन चालकों पर नियंत्रण पाने के लिए जिला परिवहन विभाग ने मंगलवार को एक बड़ा अभियान चलाया। उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित के निर्देशों के तहत यह कार्रवाई की गई। इस अभियान के दौरान कुल 1,42,000 रुपये का जुर्माना वसूल किया गया। जिला परिवहन पदाधिकारी (DTO) ज्ञान शंकर जायसवाल के नेतृत्व में विभाग की टीम ने गुमला-बाईपास मुख्य मार्ग पर सघन जांच अभियान चलाया। प्रशासन की इस अचानक सक्रियता ने उन चालकों और ट्रांसपोर्टरों को चौंका दिया जो अक्सर नियम तोड़कर बाईपास का इस्तेमाल करते हैं। दिनभर चलने वाले अभियान के दौरान टीम पूरी तरह सक्रिय मोड में रही।
अभियान के दौरान मोटर वाहन अधिनियम की विभिन्न धाराओं का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर कड़ी कार्रवाई की गई। विशेष रूप से तीन बिंदुओं पर सख्त निगरानी रखी गई:
ओवरलोडिंग पर शिकंजा: भारी मालवाहक वाहनों जैसे ट्रक और हाइवा को निशाना बनाया गया। क्षमता से अधिक माल लादने वाले वाहनों पर भारी आर्थिक दंड लगाया गया।
दस्तावेजों की गहन जांच: कई वाहनों के पास वैध बीमा, फिटनेस प्रमाण पत्र, परमिट और ड्राइविंग लाइसेंस नहीं पाए गए। ऐसे वाहनों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई।
अवैध मॉडिफिकेशन और नंबर प्लेट: अवैध LED लाइट और छिपी हुई नंबर प्लेट वाले वाहनों को भी रडार पर रखा गया।

DTO ज्ञान शंकर जायसवाल ने कहा, "हमारा उद्देश्य केवल चालान काटना या राजस्व बढ़ाना नहीं है, बल्कि सड़कों पर लोगों की बहुमूल्य जिंदगियों को सुरक्षित करना है। नियम तोड़ना जानलेवा है और पकड़े जाने पर वाहन मालिकों के लिए भारी आर्थिक और कानूनी परेशानी का कारण बनता है। हम चाहते हैं कि जिले के नागरिक स्वतः नियमों का पालन करें।" जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी सड़कों पर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे सड़क सुरक्षा मानकों का पालन करें और अपनी व दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करें।