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रांची में सरहुल और रामनवमी पर बिजली कटौती नहीं, नगर निगम ने शहर में 298 सरना स्थलों की सफाई और तैयारियों को तेज किया

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द फॉलोअप डेस्क 

रांची में 21 मार्च को सरहुल शोभायात्रा और 26 मार्च को श्रीरामनवमी के मौके पर बिजली आपूर्ति बंद नहीं की जाएगी। इस संबंध में रांची विद्युत आपूर्ति अंचल के अधीक्षण अभियंता डी.एन. साहू ने सरहुल आयोजकों, पूजा समितियों और आम लोगों से अपील जारी की है।उन्होंने बताया कि हाई कोर्ट (3 अप्रैल 2025) और सुप्रीम कोर्ट (16 अप्रैल 2025) के आदेशों के अनुसार इन त्योहारों के दिन बिजली कटौती नहीं करेगी। हालांकि, सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कुछ जरूरी नियमों का पालन करना होगा। इसके लिए आठ गाइडलाइन जारी की गई है और सभी बिजली अधिकारियों के मोबाइल नंबर भी साझा किए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर संपर्क किया जा सके। बिजली की समस्या होने पर इन नंबरों पर संपर्क करें: विद्युत नियंत्रण कक्ष, कुसई कॉलोनी 9431135682, विद्युत अधीक्षण अभियता, रांची सर्किल 9431135662, डिवीजन फोन नंबर, ईई सेंट्रल 9431135613, ईई डोरंडा 9431135608, ईई न्यू कैपिटल 9431135620, ईई ईस्ट 9431135614, ईई वेस्ट 9431135864, ईई कोकर 9431135615, ईई खूंटी 9431135616
7 जोन में बंटा शहर,ये 298 सरना स्थलों की सफाई और पेंटिंग शुरू कर दी गई है और सरहुल पर्व को ध्यान में रखते हुए रांची नगर निगम ने शहर में साफ-सफाई और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने की तेजी से तैयारियां की जा रही हैं। प्रशासक सुशांत गौरव के निर्देश पर पूरे शहर में विशेष साफ-सफाई अभियान चलाया गया है, ताकि सभी सरना स्थल, अखड़ा और उनके आसपास के इलाके साफ-सुथरे और सुरक्षित रहें। नगर निगम के कामों की नियमित निगरानी के लिए पूरे शहर को 7 जोन में बांटा गया है। हर जोन में एक सहायक प्रशासक के नेतृत्व में नगर प्रबंधक, अभियान प्रबंधक, सैनिटरी सुपरवाइजर, स्वच्छता समन्वयक और अन्य अधिकारियों की टीम तैनात रहेगी। इन टीमों का उद्देश्य शहर के 53 वार्डों में स्थित 298 चिन्हित सरना स्थलों और अखड़ों पर बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करना और पूजा समितियों के साथ तालमेल बनाकर काम करना है। बुधवार को सहायक प्रशासकों ने सिरमटोली, मोरहाबादी, हातमा और चडरी के सरना स्थलों का निरीक्षण कर वहां की तैयारियों का जायजा लिया।
•    शोभायात्रा में झंडे, डीजे और झांकियों की ऊंचाई अधिकतम 4 मीटर तक ही होनी चाहिए।
•    झंडा लगाने या खड़ा करने के दौरान बिजली के तारों और उपकरणों का खास ध्यान रखा जाए।
•    बड़े वाहनों की छत पर किसी को बैठने की अनुमति नहीं होगी और न ही उन पर ऊंचे झंडे लगाए जाएंगे।
•    शोभायात्रा के दौरान वॉलेंटियर लगातार निगरानी रखें, ताकि कोई हादसा न हो।
•    श्रद्धालु या आम लोग रास्ते में पड़े बिजली के तारों या उपकरणों को छूने की कोशिश न करें।
•    शोभायात्रा में बहुत बड़े या ऊंचे वाहनों का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा।
•    आयोजक समितियों को तय SOP (मानक संचालन प्रक्रिया) का पालन करना जरूरी होगा।
इसी बीच, बबलू मुंडा ने कहा कि कुछ लोग डीजे के मुद्दे पर राजनीति कर रहे हैं, जिससे समाज को बचाने की जरूरत है। उन्होंने सरकार से मांग की कि सरहुल के दिन पूरे राज्य में शराबबंदी लागू की जाए और तीन दिन का सरकारी अवकाश घोषित किया जाए।
सरहुल से जुड़े कार्यक्रम: केंद्रीय सरना समिति की बैठक में सरहुल के कार्यक्रमों की जानकारी दी गई है —
•    20 मार्च: उपवास और केकड़ा पकड़ने की परंपरा, रात में जल रखाई की विधि
•    21 मार्च: पूजा, भविष्यवाणी और शोभायात्रा
•    22 मार्च: फूल खोशी की रस्म