नालंदा:
बिहार के नालंदा में सरकारी नियोजन में फर्जी तरीके से शिक्षको की बहाली की गयी थी। मामला सामने आने के बाद गुरुवार को नालंदा जिले के सिलाव थाने में 10 फर्जी शिक्षकों पर केस दर्ज कराया गया है। मुकदमा की जांच के लिए विभाग के पुलिस निरीक्षक लाल मोहम्मद द्वारा कोर्ट के आदेश बाद यह कारवाई की गयी। आपको बता दें कि जिन शिक्षकों पर केस दर्ज कराया गया है, उन सभी में राजगीर एवं सिलाव प्रखंड नियोजन इकाई के शिक्षक भी शामिल है।
127 फर्जी शिक्षक की फर्जी नियुक्ति
सिलाव प्रखंड में 127 ऐसे शिक्षक है जिनकी नियुक्ति फर्जी तरीके से की गई है। राजगीर प्रखंड के बरनौसा पंचायत में प्राथमिक विद्यालय डिल्लू बिगहा के शिक्षक पर भी मामला दर्ज किया गया है। इसमें चर्चित नाम आशुतोष कुमार और प्राथमिक विद्यालय तेतरिया के अजीत कुमार पर मुकदमा कराया गया है। बता दें कि सिलाव प्रखंड सहित नालंदा जिला में फर्जी शिक्षकों की बहाली का मामला बहुत पहले से चलता आ रहा है।

इन सब पर मामला दर्ज
सिलाव प्रखंड की मध्य विद्यालय पांकी में पदस्थापित सुगंधा कुमारी, मध्य विद्यालय विंडीडीह में पदस्थापित अभिषेक, उत्क्रमित मध्य विद्यालय गंधुपुर में पदस्थापित निभा कुमारी, उत्क्रमित मध्य विद्यालय गंधुपुर में पदस्थापित शिक्षक मनोज कुमार सुमन, उत्क्रमित मध्य विद्यालय धामर में पदस्थापित मनंजय कुमार, मध्य विद्यालय नीरपुर में पदस्थापित निभा कुमारी, उत्क्रमित मध्य विद्यालय विद्यापीठ नालंदा में पदस्थापित स्वाति सिंह,आदर्श मध्य विद्यालय नालंदा में पदस्थापित अर्चना कुमारी पर मुकदमा दर्ज कराया गया है।

हाइकोर्ट के आदेश के बाद मामला दर्ज
हालांकि, इस मामले को लेकर स्थानीय जिला स्तर पर शिक्षा विभाग द्वारा अभी तक कोई भी हलचल नजर नहीं आयी है.. ऐसे में उच्च न्यायालय के आदेश बाद गुरुवार को सिलाव प्रखंड के आठ शिक्षकों के ऊपर मुकदमा दर्ज हुआ है. जबकि दो शिक्षक राजगीर प्रखंड क्षेत्र के हैं. इसे पहले भी कोर्ट के आदेश बाद निगरानी विभाग द्वारा और दो शिक्षकों पर केस दर्ज कराई गई थी।