बिहार
बिहार में भीषण गर्मी करवटे ले रही है। दक्षिण और पश्चिमी जिलों में तापमान 43 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच गया है। गया, कैमूर और बक्सर में पारा 42 डिग्री के आसपास , जबकि रोहतास और औरंगाबाद में तापमान 43 डिग्री से ऊपर चला गया, जिससे लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है। पटना और आसपास के क्षेत्रों में भी लू जैसे हालात बने हुए हैं। मौसम विभाग के अनुसार, 20 से 24 अप्रैल के बीच दक्षिण बिहार में हीटवेव और तेज हो सकती है, जिससे लोगों को और सतर्क रहने की जरूरत है। ज्यादा जानने के लिए नीचे दिए लिंक पे क्लिक करे।
#अधिकतम #तापमान और #परिवर्तन पिछले 24 घंटा #बिहार जिलों से। pic.twitter.com/6HUdJ3uKwX
— Mausam Bihar- IMD Patna (@imd_patna) April 19, 2026
दक्षिण और पश्चिम बिहार के जिले सबसे ज्यादा गर्मी से प्रभावित
IMD ने पटना सहित कई जिलों में लू चलने की चेतावनी जारी की है। वहीं सीमांचल और उत्तर बिहार के कुछ इलाकों में बारिश की संभावना जताई गई है, जिससे वहां आंशिक राहत मिल सकती है। दक्षिण और पश्चिम बिहार के जिले इस समय सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। गया, कैमूर और बक्सर में तापमान 42 डिग्री तक पहुंच गया है, जबकि रोहतास के डेहरी में 43 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे अधिक रहा। तेज गर्मी के कारण दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा देखा जा रहा है।
क्या 25 अप्रैल के बाद राज्य के कुछ राहत मिलेगा
हालांकि सीमांचल और उत्तर बिहार के कुछ जिलों में मौसम ने राहत दी है। किशनगंज, सुपौल और खगड़िया में तेज आंधी और बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई है। सुपौल के राघोपुर और कटिहार के बारसोई में अच्छी बारिश दर्ज की गई, हालांकि तेज आंधी के चलते कुछ जगहों पर पेड़ गिरने और बिजली बाधित होने की घटनाएं भी सामने आई हैं। 25 अप्रैल के बाद राज्य के कुछ हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं, जिससे तापमान में कमी आएगी। फिलहाल अगले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद कम है।
गर्मी में लापरवाही स्वास्थ्य पर भारी
डॉक्टरों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। खासकर दोपहर के समय बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त पानी पिएं और हल्के कपड़े पहनें। बच्चों और बुजुर्गों को विशेष ध्यान रखने की जरूरत है, इस भीषण गर्मी में लापरवाही स्वास्थ्य पर भारी पड़ सकती है।