द फॉलोअप डेस्क
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर राज्य की संघर्ष और बलिदान की परंपरा को याद किया है। उन्होंने कहा कि झारखंड की धरती हमेशा से जल, जंगल, जमीन और अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने वाले वीरों की धरती रही है। सीएम ने गुवा गोलीकांड के शहीदों से लेकर झारखंड आंदोलन के अनगिनत वीरों और वीरांगनाओं को याद करते हुए कहा कि इस माटी के वीरों ने अपने प्राणों की आहुति देकर झारखंड की अस्मिता और अधिकारों की रक्षा की है। बताते चलें कि 8 सितंबर 1980 गुवा गोली कांड झारखंड अलग राज्य आन्दोलन की एक मुख्य टर्निंग प्वाईंट तो थी ही, यह भारत की पहली घटना भी बन गई, जिसमें अंतरराष्ट्रीय रेडक्राॅस नियमों का उल्लंघन हुआ। इस घटना में आदिवासियों पर तत्कालीन बिहार सरकार के बीएमपी जवानों ने न सिर्फ गोलियां दागी, अस्पताल पहुंचने पर वहां भी घेर कर मारा।
झारखंड की धरती हमेशा से जल, जंगल, जमीन और अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने वाले वीरों की धरती रही है।
— Hemant Soren (@HemantSorenJMM) September 8, 2026
गुवा गोलीकांड के शहीदों से लेकर झारखंड आंदोलन के अनगिनत वीरों तक, इस माटी के वीर-वीरांगनाओं ने अपने प्राणों की आहुति देकर हमारी अस्मिता और अधिकारों की रक्षा की।
जिन वीर… pic.twitter.com/lb8M2729eE
