द फॉलोअप डेस्क
बिहार एसटीएफ ने नक्सली गतिविधियों से जुड़े दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पटना एसटीएफ और गिरिडीह जिले की बेंगाबाद पुलिस की संयुक्त टीम ने की। दोनों आरोपियों को बेंगाबाद थाना क्षेत्र से दबोचा गया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में जमुई जिले के चरकापत्थर थाना क्षेत्र के चिलकाखार गांव निवासी दरोगी यादव का पुत्र पंकज यादव और कोडरमा जिले के सतगांवा थाना क्षेत्र के तांतीभागलपुर गांव निवासी सुदामा सिंह का पुत्र पवन सिंह शामिल हैं। बताया गया कि दोनों के बेंगाबाद थाना इलाके में छिपे होने की सूचना बिहार के पटना एसटीएफ को मिली थी। इसके बाद एसटीएफ की टीम गिरिडीह पहुंची और मामले की जानकारी एसपी डॉ. बिमल कुमार को दी गई। एसपी के निर्देश पर सदर एसडीपीओ जीतवाहन उरांव ने बिहार पुलिस को सहयोग करने के लिए स्थानीय पुलिस को निर्देशित किया।इसके बाद बेंगाबाद थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार सिंह के नेतृत्व में बिहार एसटीएफ और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने गोलगो पंचायत के मंझलाटोल गांव में घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद बिहार एसटीएफ की टीम दोनों को अपने साथ लेकर चली गई।

पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों के खिलाफ बिहार के जमुई जिले के चरकापत्थर थाना में कांड संख्या 143/25 दर्ज है, जो एक नक्सली घटना से जुड़ा हुआ है। पुलिस का कहना है कि दोनों भाकपा माओवादी संगठन के सक्रिय सदस्य हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि दोनों के खिलाफ बिहार के जमुई, चकाई, चरकापत्थर और चंद्रदीप थाना क्षेत्रों के अलावा झारखंड के गिरिडीह जिले के तिसरी प्रखंड और कोडरमा जिले के सतगांवा थाना में भी नक्सली गतिविधियों से जुड़े मामले दर्ज हैं।
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पुलिस के अनुसार दोनों आरोपियों पर चरकापत्थर थाना क्षेत्र में जेल से जमानत पर बाहर आए नक्सली लखन यादव को गोली मारने का भी आरोप है। घटना के बाद से ही दोनों फरार चल रहे थे। बताया जाता है कि पुलिस से बचने के लिए दोनों बेंगाबाद थाना क्षेत्र के गोलगो पंचायत अंतर्गत मंझलाटोल गांव में छिपकर रह रहे थे। गुप्त सूचना के आधार पर पटना एसटीएफ की टीम इंस्पेक्टर अयोध्या प्रसाद के नेतृत्व में बेंगाबाद पहुंची और स्थानीय पुलिस के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए दोनों को गिरफ्तार कर लिया।