द फॉलोअप डेस्क
खूंटी के उलिहातू गांव में भारत के उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन और झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार पहुंचे, जिससे ग्रामीणों में खुशी का माहौल रहा। सुबह करीब 9:45 बजे पहुंचे उपराष्ट्रपति के साथ राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह, स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी और अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।
उन्होंने कोरोन पाहन की अगुवाई में पूजा-अर्चना की और बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी। इसके बाद उन्होंने बिरसा मुंडा के वंशजों—सुखराम मुंडा, बुधराम मुंडा, जंगल मुंडा, कानू मुंडा आदि—से बातचीत कर उनका हालचाल जाना। वंशजों ने उन्हें मांगपत्र सौंपकर बेहतर आवास और बच्चों की उच्च शिक्षा की व्यवस्था करने की मांग की। साथ ही ग्राम प्रधान की ओर से दिए गए मांगपत्र में गांव को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने और बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात रखी गई। ग्रामसभा ने बताया कि पर्यटन स्थल बनाने की घोषणा के बावजूद अब तक कोई खास विकास नहीं हुआ है और गांव अभी भी पिछड़ा हुआ है। मांगपत्र में ग्रामसभा ने उलिहातू से बिरबांकी तक पक्की सड़क बनाकर पर्यटन कॉरिडोर से जोड़ने की मांग की।
साथ ही सिंबाय नाला पर चेकडैम निर्माण, आवासीय विद्यालय में प्लस टू की पढ़ाई शुरू करने, बिरसा मुंडा की प्रतिमा स्थापित करने, बिरसा कॉम्प्लेक्स से शिशु मंदिर तक सड़क बनाने और स्ट्रीट लाइट लगाने की भी मांग रखी गई। बिरसा के वंशजों और ग्राम प्रधान से मुलाकात के बाद उपराष्ट्रपति बिरसा ओड़ा से बाहर आए और गांव के बच्चों के बीच टॉफियां बांटी, जिससे बच्चे और ग्रामीण काफी खुश नजर आए।