द फॉलोअप डेस्क:
भोजपुरी फिल्मों के सिंगर-अभिनेता खेसारीलाल यादव ने कहा कि उनकी 5 फिल्में बनकर तैयार है, लेकिन वह इस समय उन्हें रिलीज नहीं करना चाहते। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात, नोटबंदी से भी बुरे हैं। तेल और गैस महंगा हो गया है। लोगों की रसोई महंगी हो गई है। आवागमन महंगा हो गया है। ऐसी स्थिति में टिकट खरीदकर थियेटर में फिल्म कौन देखना चाहेगा। खेसारीलाल यादव ने कहा कि मौजूदा आर्थिक हालात में लोग बचत करना चाहते हैं। बच्चों की भविष्य की खातिर पैसा बचाना चाहते हैं तो यह सही समय नहीं है फिल्में रिलीज करने का। उन्होंने कहा कि वह इस समय फिल्म रिलीज करने का जोखिम नहीं लेंगे।
#WATCH पटना(बिहार): भोजपुरी एक्टर खेसारी लाल यादव ने कहा, "...अभी स्थिति खराब है, इसमें कौन फिल्म रिलीज करेगा। लोगों को अपना बजट बचाना है। तेल, गैस, आना-जाना सब महंगा हो गया है। ऐसे समय में मैं कोई फिल्म रिलीज नहीं करूंगा।" pic.twitter.com/ynXt7pdDE1
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 22, 2026
मैं राजनीतिक व्यक्ति नहीं हूं!
खेसारीलाल यादव ने बिहार में अपराध और जाति को लेकर छिड़ी नई बहस पर पूछे गए सवाल का जवाब देने से यह कहते हुए इनकार किया कि मैं राजनीतिक व्यक्ति नहीं हूं, बल्कि एक कलाकार हूं। उन्होंने कहा कि वैसे तो अपराधी की कोई जाति नहीं होती है, लेकिन मैं इस विषय पर टिप्पणी नहीं करना चाहता। उन्होंने मीडियाकर्मियों से मजाकिया लहजे में कहा कि सियासी सवालों में मत फंसाइए। एकबार फंस चुका हूं, दोबारा नहीं फंसूंगा। अभिनेता ने कहा कि वह कलाकार हैं और कलाकार ही बने रहना चाहते है।

पीएम मोदी अमीरों से करें अपील!
पीएम मोदी की पेट्रोल-डीजल बचाने, सोना नहीं खरदीने और विदेश यात्रा से बचने की अपील पर खेसारीलाल यादव ने कहा कि कार से करोड़पति चलते हैं। उनके लिए तेल और गैस महंगा नहीं होता। भुगतना आम आदमी को पड़ता है तो साइकिल और बाइक से चलता है। रसोई उनकी महंगी हुई है। अभिनेता ने कहा कि पीएम मोदी को देश के तमाम कलाकारों, व्यावसायियों और विभिन्न क्षेत्रों के अन्य धनाढ्य लोगों से चंदा देने की अपील करनी चाहिए, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके।

बीजेपी बुलाती तो बंगाल में प्रचार करता!
पश्चिम बंगाल में टीएमसी के लिए चुनाव प्रचार करने को मनोज तिवारी द्वारा पाप कहे जाने पर खेसारीलाल यादव ने कहा कि यदि भाजपा बुलाती तो मैं उनके लिए भी चुनाव प्रचार करता। मैंने मनोज तिवारी के लिए भी प्रचार किया है। मैं व्यक्तिगत संबंधों के लिए चुनाव प्रचार करता हूं ना कि दल या चुनाव चिन्ह देखकर।