झारखंड विधानसभा के बजट सत्र का पांचवा दिन भी हंगामे के साथ शुरू हुआ। विपक्ष लगातार पंचायच चुनाव में पिछड़ों के आरक्षण की मांग कर रहा है। बीजेपी विधायकों ने पांचवे दिन सत्र की शुरुआत होते ही कहा कि राज्य में होने वाले पंचायत चुनाव में पिछड़ों का आरक्षण सुन
सदन में बजट भाषण बढ़ते समय वित्त मंत्री डॉ. रामेश्वर उरांव ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2022-23 के लिए सरकार ने 2.015.47 करो़ड़ रुपये का प्रावधान किया है। वित्त मंत्री ने बताया कि ग्राम पंचायत भवन को ज्ञान केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है। पंचायत भवन
झारखंड विधानसभा का बजट सत्र जारी है। चौथे दिन विधानसभा में पंचायत चुनाव का मुद्दा उठाया। गुरुवार को सदन की कार्यवाही शुरू होते ही बीजेपी विधायकों ने पंचायत चुनाव शीघ्र कराने की मांग उठाई। कहा कि स्पीकर महोदय! राज्य में पंचायत चुनाव होना है,लेकिन इससे पहले
झारखंड में गांव की सरकार जल्द ही बनेगी। फॉलोअप ने आपको 23 जनवरी को ही बताया था कि 15 फरवरी के बाद कभी भी पंचायत चुनाव की घोषणा हो सकती है। उसके बाद 21 फरवरी काे खबर बताई थी कि राज्य चुनाव आयोग की ओर से पंचायत चुनाव के लिए 23 से 25 फरवरी तक सभी निर्वाची पद
साल 2021 गुजर गया लेकिन राज्य में अब तक पंचायत चुनाव नहीं हुआ, इसे लेकर एक तरफ विपक्ष जहां सरकार पर हमलावर है तो वहीं सरकार का कहना है कि जैसे ही राज्य कोरोना मुक्त हो जायेगा वैसे ही पंचायत चुनाव करवा दिए जायेंगे। हालांकि अब पंचायत चुनाव होने की उम्मीद जग
पंचायत सचिव अभ्यर्थी (Panchayat Secretary candidate) अब अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठ गये हैं। गौरतलब है कि पंचायत सचिव अभ्यर्थी बीते 20 दिनों से राजभवन के सामने धरने पर बैठे हैं। उनकी मांग है कि सरकार अविलंब उनका नियुक्ति पत्र जारी करे। बता दें कि 21 ज
पेसा (PESA) अधिनियम के प्रावधानों को धरातल पर क्रियान्वित करने हेतु सम्बंधित विभागों द्वारा नई नियमावली का निर्माण एवं पूर्व की नियमावली में संशोधन अतिशीघ्र किया जाये। नियमावली में संशोधन एवं अपेक्षित कार्रवाई हेतु दिशा- निर्देश पंचायत राज विभाग द्वारा प्
किस उम्मीद से जगरन्नाथ महतो से मिले पंचायत सचिव अभ्यर्थी, सुनिये!
पंचायत सचिव अभ्यर्थियों के समर्थन में पहुंचे उनके माता-पिता भी- उनके दर्द को समझिये
आंदोलनरत अभ्यर्थियों में आक्रोश सरकार के फैसले से है। उनकी मांग है कि राज्य सरकार अपना फैसला वापस ले और उन्हें जल्द ही नियुक्ति पत्र सौंपे। छात्रों ने कहा कि कार्मिक विभाग द्वारा जारी संकल्प संख्या 229, दिनांक 19/01/2022 को तत्काल प्रभाव से राज्य सरकार को
झारखंड में पंचायतों का कार्यकाल 2020 में ही खत्म हो चुका है। लेकिन लगातार मांग के बावजूद राज्य सरकार चुनाव कराने को लेकर स्पष्ट बयान नहीं दे सकी है। जबकि प्रमुख विपक्षी दल भाजपा इसको लेकर हेमंत सरकार को घेरता रहा है। पंचायत चुनाव के नाम पर राजनीति गर्म रह
झारखंड के रांची, लोहरदगा, गुमला, सिमडेगा, खूंटी, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिहंभूम, लातेहार, गढ़वा (भंडरिया ब्लॉक), दुमका, गोड्डा के (सुंदरपहाड़ी, बोआरिजोर ब्लॉक), पाकुड़, राजमहल और जामताड़ा जैसे अनुसूचित क्षेत्रों में पंचायत एक्सटेंशन टू शिड्यूल एरिया (पे