logo

बलात्कार : रेप का शिकार बच्ची के लिए जज हुए भावुक ,सुनाई सजा के साथ कविता 

रेप का शिकार बच्ची के लिए जज हुए भावुक ,सुनाई सजा के साथ कविता 

राजस्थान : 
राजस्थान के कोटा में रेप का शिकार 6 साल की बच्ची के एक मामले में सुनवाई करते हुए जज भावुक हो गए।आरोपी को 6 साल की बच्ची से रेप का दोषी पाने के बाद उम्रकैद की सजा सुनाई।सजा सुनाते वक़्त वे भावुक हो गए और बच्ची के लिए एक कविता पढ़ी। सुनवाई के दौरान जस्टिस दीपक दुबे ने आरोपी मौलवी को आखरी सांस तक उम्रकैद की सजा सुनाते हुए कहा कि धार्मिक शिक्षक जैसे पद पर रहते हुए आरोपी ने 6 साल की मासूम को हवस का शिकार बनाया। इस घटना ने न केवल धार्मिक गुरुओं के प्रति आम लोगो की भावना को आहत किया है,बल्कि मासूम पीड़िता के दिमाग पर घिनौनी छाप छोड़ी है। जो शायद अमिट है!  


फैसले के दौरान पढ़ी गई कविता सोशल मीडिया पर वायरल 
सजा सुनाते हुए जज ने जो कविता पढ़ी वो सोशल मीडिया पर वायरल है।जज की कविता नवभारत टाइम्स के पत्रकार ने ट्वीट किया। कविता की पंक्तिया कुछ इस प्रकार है -ओ मेरी नन्ही मासूम .....  

 

 


क्या था मामला 
घटना नवंबर 2021 की है। कोटा के दीगोद थाने में 6 साल की बच्ची से बलात्कार की शिकायत दर्ज़ कराई गई थी।दर्ज़ FIR में आरोप मदरसे के एक मौलवी पर था, जहा बच्ची उर्दू पढ़ने जाती थी। एक दिन मदरसे से लौटकर वह काफी रो रही थी। परिजनों ने कारण पूछा तो बच्ची ने अपने साथ हुए घटना को बताया। बच्ची ने बोला की मौलाना रहीम ने कमरे में ले जाकर उसके साथ गलत काम किया है। जिसके बाद परिजन पुलिस के पास पहुचे जहा पोस्को एक्ट के तहत मामला दर्ज़ हुआ। चार महीने तक चले इस ट्रायल में पुलिस ने 23 दस्तावेज और 13  गवाह पेश किये गए। जिसको आधार बनाकर आरोपी को कोर्ट ने आखरी सांस तक उम्रकैद की सजा सुनाई।