दिल्ली:
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने नई दिल्ली में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ एक संयुक्त प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि मेरे हाथ में भारत निर्मित कोरोना वैक्सीन लगा है। इससे मुझे अच्छा लाभ हुआ। उन्होंने ये कहते हुए भारत का शुक्रिया अदा किया। पीएम मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता पर बोरिस जॉनसन ने कहा कि आज (शुक्रवार) को हमारी शानदार बातचीत हुई। हमने अपने रिश्ते को मजबूत किया है। उन्होंने कहा कि भारत और ब्रिटेन के बीच साझेदारी हमारे समय के परिभाषित दोस्ती में से एक है। ये मजबूत साझेदारी पर आधारित है।

इंडो-पैसेफिक को मुक्त और खुला बनाना प्राथमिकता
बोरिस जॉनसन ने कहा कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र को मुक्त, खुला और नियम-आधारित बनाना हमारी संयुक्त प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि भारत और ब्रिटेन वायु, अंतरिक्ष और समुद्री खतरों से सामूहिक रूप से निपटेगा। हमलोग घरेलु उर्जा के स्थायी समाधान के लिए संयुक्त उपक्रम की संभावना तलाश रहे हैं। अपने भारत दौरे को लेकर पीएम बोरिस जॉनसन ने कहा कि इस यात्रा ने हमारे संबंधों को और भी ज्यादा गहरा किया है। परस्पर विश्वास को बढ़ाया है।
विश्वास और खुला, सामान्य निर्यात लाइसेंस सिस्टम
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने कहा कि ब्रिटेन भारत के लिए एक विशिष्ट और खुला सामान्य निर्यात लाइसेंस सिस्टम बना रहा है। उन्होंने कहा कि इस निर्यात लाइसेंस के होने से रक्षा खरीद के मामलों में ब्रिटिश नौकरशाही की भूमिका कम होगी और रक्षा उत्पादों की डिलीवरी में समय भी कम लगेगा। बोरिस जॉनसन ने कहा कि इसकी मदद से रक्षा व्यापार में हमारी साझेदारी और भी ज्यादा मजबूत होगी। इसका लाभ हम सबको मिलेगा।

चीन की निरकुंश साम्राज्यवादी नीतियों पर किया प्रहार
इस बीच चीन की आक्रामक साम्राज्यवादी नीतियों पर निशाना साधते हुए बोरिस जॉनसन ने कहा कि पिछले साल से निरकुंश जबर्दस्ती के खतरे और भी ज्यादा बढ़ गए हैं। महत्वपूर्ण है कि हम इंडो-पैसिफिक को खुला औऱ मुक्त रखने में अपने साझा हित सहित सहयोग को गहरा बनाएं। बोरिस जॉनसन ने कहा कि हमने वैश्विक घटनाक्रम पर चर्चा की।