NDA संसदीय दल के नेता नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलकर सरकार बनाने के दावा पेश किया। इसके साथ ही राष्ट्रपति ने नरेंद्र मोदी को नई सरकार गठन करने का न्योता दिया।
नरेंद्र मोदी शाम 6 बजे राष्ट्रपति से मिलेंगे, सरकार बनाने का दावा करेंगे पेश
मैं हिंसा का समर्थन नहीं करता लेकिन उस CISF जवान को गुस्सा क्यों आया, इसको मैं पूरी तरह से समझता हूं।
लोकसभा चुनाव के बाद सरकार बनाने की कवायद तेज हो गई है। आज एनडीए संसदीय दल की बैठक भी हुई है। इस दौरान पीएम मोदी ने करीब 1 घंटे का भाषण दिया।
आने वाले दिनों में इसपर काम करेंगे। पंचायत से पार्लियामेंट तक नारी शक्ति की भागीदारी कैसे सुनिश्चित हो ये हमारी प्रतिबद्धता हो।
कांग्रेस 100 के आंकड़े को नहीं छू पाई है। कह सकता हूं, इंडी अलायंस वालों ने एक व्यक्ति का अपोज करने के लिए देश की जनता ने फिर अपोजिशन में बिठा दिया है। अगर मैं 14, 19 और 24 को जोड़कर कहूं तो कांग्रेस के 3 चुनाव में जितनी सीटें मिली उतनी हमें इस चुनाव में
जयराम रमेश ने कहा कि नरेंद्र मोदी अब शक्तिशाली प्रधानमंत्री नहीं है। वे एक तिहाई ही पीएम रह गए हैं। मौजूदा एनडीए में 3 एन के प्रधानमंत्री हैं।
ईवीएम का अर्थी जुलूस निकाला। इंडी गठबंधन वाले, ईवीएम का विरोध करते हैं। 4 जून की शाम को ईवीएम ने उनको चुप कर दिया। वरना ये लोग EVM पर ठीकरा फोड़ने को तैयारी थे।
एनडीए ने सांसदों के समर्थन वाला पत्र राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को सौंपकर सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया।
आज तमिलनाडु में सीट नहीं जीत पाये लेकिन जिस तेजी से एनडीए का वोट शेयर बढ़ा है। साफ लिखा है कि कल क्या लिखा हुआ है। पुदुचेरी, केरल में सैकड़ों कार्यकर्ताओं का बलिदान है।
एनडीए सरकार में हम अगले 10 साल में गुड गर्वनेंस, विकास, नागरिकों के जीवन में सुधार, व्यक्तिगत ड्रीम है, लोकतंत्र की समृद्धि को जब सोचता हूं तो चाहता हूं कि सामान्य जीवन में मध्य वर्ग में उनके जीवन में से सरकार की दखल जितना कम हो उतना ही लोकतंत्र की मजबूती
30 साल का लंबा कालखंड, शुरू में शायद एसेंबल हुआ होगा लेकिन आज भारत की राजनीतिक व्यवस्था में ऑर्गेनिक अलायंस है। ये मूल्य अटल बिहारी वाजपेयी, प्रकाश सिंह बादल, बालासाहेब ठाकेर, जॉर्ज फर्डानींस और शरद पवार जैसे लोगों ने विश्वास का सृजन कर इसे वटवृक्ष बना दि