द फॉलोअप डेस्क
झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री एवं झामुमो के केंद्रीय महासचिव मिथिलेश कुमार ठाकुर के गढ़वा स्थित आवास पर शुक्रवार को शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। शिक्षक दिवस के अवसर पर आयोजित इस समारोह में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले शिक्षकों, शिक्षिकाओं एवं अपने गुरुओं को शॉल ओढ़ाकर और उपहार भेंट कर सम्मानित किया गया। साथ ही पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने अपने गुरुओं से आशीर्वाद भी लिया।
इस अवसर पर मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि किसी भी व्यक्ति की सफलता में गुरु का अहम योगदान होता है। शिक्षक की बदौलत ही इंसान अपने जीवन में आगे बढ़ता है और सफलता प्राप्त करता है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों के कर्ज को 10 जन्मों में भी चुकाना संभव नहीं है। हमें अपने शिक्षकों का हमेशा दिल से सम्मान करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि पहले के शिक्षक और छात्रों तथा आज के शिक्षक और छात्रों के बीच काफी अंतर आ गया है। ऐसे समय में हमें बिखरती परंपराओं को संभालते हुए गुरु-शिष्य परंपरा का पालन करना चाहिए। मिथिलेश ठाकुर ने यह भी कहा कि वे हर वर्ष पूरी श्रद्धा और निष्ठा के साथ शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन करते हैं। इस कार्यक्रम का राजनीति से कोई संबंध नहीं है। वे इसे एक छात्र और सच्चे नागरिक के रूप में परंपरा का निर्वहन मानते हैं।
सम्मानित शिक्षकों में सेवानिवृत्त प्राचार्य दिनेश प्रसाद सिंह, कमलेश पांडेय, नामधारी कॉलेज की प्राचार्य नीता वर्मा, असर्फी राम, शांति निवास इंटर कॉलेज की प्राचार्य सिस्टर रौशना, सिस्टर करूणा, संत पॉल एकेडमी की प्राचार्य सिस्टर शांति, गोविंद इंटर कॉलेज के प्राचार्य विश्वविजय सिंह, गोपाल राम, प्रेमशीला देवी, सतेंद्र राम, राजकुमार चंद्रा, हेमेंद्र दास, पारस तिवारी, सुधाकर कुमार सिंह, प्रभात कुमार आदि शामिल थे। मौके पर झामुमो जिलाध्यक्ष शंभु राम, पार्टी के सचिव शरीफ अंसारी सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।
