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Budget Session 2022 : सदन में बालू पर बवाल, विधायकों ने विधानसभा कमेटी से जांच कराने की मांग की

सदन में बालू पर बवाल, विधायकों ने विधानसभा कमेटी से जांच कराने की मांग की

रांचीः


सदन में मंगलवार को बालू पर जमकर बवाल हुआ। आजसू विधायक सुदेश महतो के सवाल पर पक्ष और विपक्ष के सदस्यों ने बालू उठाव मामला पर सरकार को जमकर घेरा। सदस्यों ने बालू में गड़बड़ी मामले की जांच विधानसभा की विशेष कमेटी बनाकर कराने की मांग की। विधायकों ने कहा कि थाना पुलिस लगातार लोगों को प्रताड़ित कर रहे हैं। गृह निर्माण के लिए बालू नहीं मिल रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना प्रभावित हो रहा है। गरीबों का घर नहीं बन रहा है। जवाब में प्रभारी मंत्री बादल पत्रलेख ने कहा कि सरकार सदन को आश्वस्त करती हैंकि पुलिस किसी भी बालू गाड़ी को नहीं पकड़ेगी। उन्होनें कहा कि 15 दिनों के अंदर सभी जिला से रिपोर्ट मंगाकर बालू घाटों की नीलामी कराएगी। इस मामले पर संसदीय कार्य मंत्री आलमगीर आलम ने हस्तक्षेप करते हुए कहा कि बालू घाटों पर ठोस पहल न तो पूर्व की सरकार में हुआ और न ही वर्तमान सरकार के समय मे हुआ  है। 15 दिनों के भीतर इसपर नीलामी की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।


सरकार को अरबों रुपये के राजस्व का हो रहा नुकसान : सुदेश
आजसू विधायक सुदेश महतो ने सवाल किया कि राज्य में 375 बालू घाटों की लंबे समय से नीलामी नहीं होने के कारण हर वर्ष अरबों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है। अब तो आलम यह है कि अवैध बालू लदे गाड़ियों के पकड़े जाने की संख्या ज्यादा है और इसके एवज में राशि की वसूली कम हो गयी है। आखिर राशि कौन निगल जा रहा है। विधायक सरयू राय, बिरंची नारायण, भानु प्रताप शाही सहित अन्य ने इस मामले पर विधानसभा की समिति गठित कर जांच कराने की मांग की। विधायक पुष्पा देवी ने कहा कि बालू चोरी के कारण ही पलामू में थानेदार लालजी यादव की जान गई थी। कोई भी योजना के लिए बालू नहीं मिल रहा है और राज्य में धरल्ले से अवैध बालू का उठाव हो रहा है। 


निर्माण कार्य के लिए फ्री हो बालू
भाजपा विधायक दल के नेता बाबूलाल मरांडी ने कहा कि जब उनकी सरकार थी उस समय निर्माण कार्य के बालू फ्री था। इसलिए कहीं से गड़बड़ी का मामला नहीं आता था। कहा कि थानेदार पैसा वसूल रहे हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना का कार्य प्रभावित हो रहा है। गरीबों को घर बनाने में परेशानी हो रही है। उन्होनें सरकार से मांग किया कि जबतक बालू घाटों की नीलामी नहीं होती तबतक निर्माण कार्य के लिए बालू को फ्री किया जाय।