गुमला शहर को जाम से राहत देने के सोच के साथ झारखंड बनने से पहले ही बाईपास सड़क के निर्माण की मांग हो रही थी, जिसका परिणाम यह हुआ कि झारखंड बनने के बाद तत्कालीन मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने इसका शिलान्यास किया, लेकिन किसी कारणवश काम शुरू नहीं हो सका। इसके
जमशेदपुर के सीतारामडेरा थाना क्षेत्र के देवनगर स्थित पीपुल्स एकेडमी स्कूल के पीछे मंगलवार की देर रात एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई।
खूंटी जिले के कर्रा थाना क्षेत्र के मुरहू-कटमकुकु जंगल से नग्न अवस्था में सिर कुचला एक युवती की लाश बरामद की गीई है। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
ईडी की शराब घोटाले में इंट्री के बाद अब जांच का आयाम बढ़ेगा, कई छुपे चेहरे भी सामने आ सकते हैं
सिमडेगा उपायुक्त कंचन सिंह ने जिले के ईवीएम (EVM) वेयरहाउस का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ईवीएम एवं वीवीपैट मशीनों के रखरखाव, सुरक्षा व्यवस्था और रिकॉर्ड संधारण की स्थिति की बारीकी से समीक्षा की।
साहिबगंज के मिर्जाचौकी से फरक्का के बीच फोरलेन सड़क निमार्ण का कार्य जारी है, ऐसे में झारखंड बिहार सीमावर्ती क्षेत्र के साहिबगंज सदर प्रखंड के डीहारी गांव के ग्रामीण इस सड़क निर्माण कार्य का विरोध कर रहे हैं।
झारखंड के राजभवन का नाम अब बदलकर लोक भवन झारखंड कर दिया गया है। इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है। झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल से इसकी जानकारी साझा की।
हजारीबाग जिले के बरही थाना क्षेत्र में सड़क हादसे में तीन लोगों की मौत की खबर आई है। जिसमें पुरुष, महिला और एक बच्ची शामिल है। वहीं छह लोग इस हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
खूंटी जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां कर्रा थाना क्षेत्र के मुरहू-कटमकुकु जंगल से मंगलवार शाम को पुलिस ने नग्न अवस्था में सिर कुचला हुआ एक युवती का शव बरामद किया है।
जमशेदपुर के परसुडीह स्थित सदर अस्पताल परिसर में आज इतिहास रचने जा रहा है। झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी आज यहां ओपीडी में मरीजों को एक चिकित्सक के रूप में अपनी सेवा प्रदान करेंगे।
झारखंड में SIR का काम शुरू होने के साथ ही एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार ने जानकारी दी है कि वर्तमान मतदाता सूची से 12 लाख मतदाताओं को हटाने का निर्णय लिया गया है।
रांची शहरी क्षेत्र में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के लाभुकों को और अधिक पारदर्शी, सटीक और तकनीक-आधारित सुविधा देने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है।