द फॉलोअप डेस्क
बिहार नवनिर्माण यात्रा के दौरान जन सुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर बुधवार को पहली बार औरंगाबाद पहुंचे। वे समाहरणालय के पास एक निजी होटल में प्रेस वार्ता किए। मीडिया से बातचीत के दौराने प्रशांत किशोर ने सीएम नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने पर कई सवाल उठाए और कहा कि बिहार के लोगों ने 10 हजार के लालच में आकर उन्हें वोट दिया। उन्होंने सरकार को घेरते हुए कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री समृद्धि यात्रा पर निकल रहे हैं। चुनाव के दौरान सरकार ने विकास को लेकर जो भी वादे जनता से किए हैं, उसे 6 महिने के भीतर पूरा करे। प्रशांत किशोर ने सरकार को बकायदा समय की याद दिलाई और कहा कि मई 2026 में यह अवधि पूरी हो जाएगी। इसलिए सरकार को अपने वादों को जल्द पूरा करना चाहिए। अगर सरकार को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर सरकार समय पर अपना वादा पूरा नहीं करती है तो जन सुराज पार्टी सड़क पर उतरने का काम करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी जनता के बीच जाएगी और सरकार से सवाल पूछेगी।

उन्होंने कहा कि भाजपा दिल्ली और गुजरात के इशारों पर चलने वाला मुख्यमंत्री बिहार को देगा। उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि भाजपा ने चुनाव में जदयू को मुखौटे की तरह इस्तेमाल किया। साथ ही कहा कि बिहार की जनता अब भाजपा का असली चेहरा देखेगी। प्रशांत किशोर ने नरेंद्र मोदी और अमित शाह पर निशाना साधते हुए कहा कि सासाराम के चार बच्चों की गुजरात में टंकी साफ करते समय मौत हो गई, लेकिन इस मामले में अब तक कोई ठोस प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

उन्होंने बताया कि जन सुराज संगठन का पुनर्निर्माण किया जाएगा। इसके तहत वे बिहार के प्रत्येक जिले में तीन-तीन दिन बिताकर कार्यकर्ताओं से संवाद करेंगे और चुनाव के दौरान हुई गलतियों की समीक्षा कर सुधार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जल्द ही जन सुराज के नए संगठन की घोषणा की जाएगी और वार्ड स्तर तक संगठन को मजबूत किया जाएगा। आगामी पंचायती राज चुनाव को लेकर उन्होंने कहा कि 15 अप्रैल तक पूरे बिहार का दौरा कर साथियों से चर्चा की जाएगी। इसके बाद यह तय किया जाएगा कि जन सुराज पंचायत चुनाव में दल के आधार पर हिस्सा लेगी या नहीं।