द फॉलोअप डेस्क
राष्ट्रीय जनता दल के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्या ने देश में बढ़ती महंगाई और पेट्रोल-डीजल की कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। सोशल मीडिया (X) पर सरकार की नीतियों को आड़े हाथों लेते हुए रोहिणी ने कहा कि सवाल सिर्फ 3 रुपये की ताजा बढ़ोत्तरी का नहीं है, बल्कि लगातार बढ़ती महंगाई के उस बोझ का है जो आम जनता की कमर तोड़ रहा है।
सवाल सिर्फ 3 रुपये की बढ़ोत्तरी का नहीं, लगातार बढ़ती महंगाई के बोझ का है ..
— Rohini Acharya (@RohiniAcharya2) May 15, 2026
मोदी सरकार की मेहरबानी से अब "तेल निकलना" महज मुहावरा नहीं बल्कि आम जनता के लिए रोज की कहानी है l जब पेट्रोल - डीजल महंगा होता है तो सबसे ज्यादा बोझ रोज़ कमाने-खाने वालों , आम जनता पर पड़ता है, मगर… pic.twitter.com/GFX90RdH7Q
"तेल निकलना" महज एक मुहावरा नहीं
रोहिणी ने तंज कसते हुए आगे लिखा कि केंद्र सरकार की मेहरबानी से अब "तेल निकलना" महज एक मुहावरा नहीं रह गया है, बल्कि देश की आम जनता के लिए यह हर रोज की कहानी बन चुका है। रोहिणी ने ईंधन की बढ़ती कीमतों का सीधा संबंध आम आदमी के रोजमर्रा के संघर्ष से जोड़ते हुए बताया। कहा कि जब भी पेट्रोल और डीजल महंगा होता है, तो इसका सबसे बड़ा और घातक बोझ रोज कमाने-खाने वाले गरीब और मध्यम वर्ग पर पड़ता है। उन्होंने प्रधानमंत्री और केंद्र सरकार पर कॉरपोरेट परस्त होने का आरोप लगाते हुए कहा कि धन्ना सेठों के इशारे पर काम करने वाली इस सरकार को आम जनता की दिक्कतों, आंसुओं और उनकी दुश्वारियों से कोई फर्क नहीं पड़ता है।

12 सालों के कार्यकाल पर तंज
इस दौरान रोहिणी ने पीएम मोदी के पिछले 12 सालों के कार्यकाल का भी जिक्र किया। कहा कि देश का आलम आज यह हो चुका है कि जनता की जेब लगातार खाली होती जा रही है, लेकिन सरकारी भाषणों में ‘अच्छे दिन’ का राग अब भी जारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि बढ़ती महंगाई की कोई वाजिब और ठोस वजह बताने के बजाय प्रधानमंत्री और उनकी सरकार में शामिल लोग हमेशा जिम्मेदारी से बचते दिखते हैं और उनके मुंह से जनता को सिर्फ नए-नए बहाने ही सुनने को मिलते हैं।