द फॉलोअप डेस्क
मुज़फ़्फ़रपुर में दलित बच्ची से दुष्कर्म और हत्या को लेकर लगातार युवा कांग्रेस सड़कों पर आक्रोश प्रदर्शन कर रही है। साथ ही इस घटना के बाद स्वास्थ्य मंत्री से इस्तीफ़ा भी माँगी जा रही है। बिहार के मुज़फ़्फ़रपुर ज़िले में एक दलित बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म और इलाज के दौरान हुई लापरवाही और मौत को लेकर उपजा आक्रोश अब राजनीतिक रूप लेता जा रहा है। इस घटना को लेकर जहां बीते कल रविवार को कांग्रेस ने पटना के इनकम टैक्स गोलम्बर पर प्रदर्शन किया था, वहीं आज युवा कांग्रेस के बैनर तले सीएम आवास घेराव का कॉल लिया गया था।
आक्रोश प्रदर्शन की शुरुआत बिहार प्रदेश कांग्रेस के कार्यालय सदाकत आश्रम से हुई, जहां से कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च किया। प्रदर्शन का नेतृत्व कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम, कांग्रेस प्रभारी कृष्णा अल्लावरू और यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब कर रहे थे। हालाँकि प्रदर्शन को राजापुर पुल के पास बैरिकेडिंग के माध्यम से रोक दिया गया।
इस मार्च के जरिये कांग्रेसजनों का प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपेगा। इस ज्ञापन में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे का इस्तीफा, और पीड़िता के परिवार को न्याय व मुआवजा देने की मांग शामिल है।
कांग्रेस नेतृत्व ने इस घटना को सरकार की संवेदनहीनता बताते हुए कहा है कि अगर सरकार महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा नहीं कर सकती, तो उसे सत्ता में बने रहने का अधिकार नहीं है।