द फॉलोअप टीम, बेतिया:
बेतिया में राष्ट्रीय जनता दल के युवा जिलाध्यक्ष मुकेश यादव ने कार्यकर्ताओं के साथ जिला मुख्यालय गेट पर मौन प्रदर्शन किया। इन सभी लोगों ने हाथ और मुंह पर काली पट्टी बांध रखी थी। पूरे शरीर में पोस्टर लगाया था जिसमें किसानों से जुड़ी विभिन्न मांगें लिखी थीं। जिलाध्यक्ष मुकेश यादव ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नाम जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा और पांच मुख्य मांग रखी।
किसानों के घरों में अभी भी अंधेरा है
राजद के युवा जिलाध्यक्ष मुकेश यादव ने कहा कि किसानों के घरों में अंधेरा है। गन्ना किसानों को अभी तक उनके उपज का भुगतान नहीं किया गया। कोरोना महामारी और बाढ़ ने किसानों की कमर तोड़ दी है। किसानों को आर्थिक सहायता की दरकार है। चीनी मिलों द्वारा किसानों के गन्ना उपज का भुगतान रोक दिया गया है। ये कानूनन गलत है। उनको अविलंब भुगतान किया जाना चाहिए।
गन्ना मंत्री ने भी दिया था आश्वासन
मुकेश यादव ने बताया कि उन्होंने इस समस्या को लेकर पिछले दिनों राज्य के गन्ना मंत्री से वार्ता की थी। मंत्री ने आश्वासन दिया था कि आघामी पंद्रह जून तक गन्ना किसानों को भुगतान किया जायेगा। आज 23 जून है और अभी तक किसानों को एक रूपया भी नसीब नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि सरकार और प्रशासन के उदासीन रवैया का ही नजीता है कि मुझे सड़क पर उतरकर धरना देना पड़ा।
चीनी मिलों के पास किसानों का बकाया
राष्ट्रीय जनता दल के युवा जिलाध्यक्ष मुकेश यादव ने बताया कि किसानों का सत्र 2020-21 का 9.27 लाख रुपया वहीं 2019-20 का 8.27 लाख रुपया बकाया है। उन्होंने कहा कि सरकार को चीनी मिलों पर कार्रवाई करके किसानों को उनकी बकाया राशि का भुगतान करना चाहिए। नये सत्र में गन्ना किसानों को उनकी उपज का 500 रुपये प्रति क्विंटल के दर से भुगतान हो। किसानों को उनकी राशि 14 दिन के भीतर मिल जाए इसका लिखित आदेश जारी करना चाहिए।
उग्र आंदोलन को विवश होगा राजद!
मुकेश यादव ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया गया तो राष्ट्रीय जनता दल किसानों के हित में उग्र आंदोलन को विवश होगा। मुकेश यादव ने ये भी मांग रखी है कि किसानों का केसीसी माफ किया जायेगा। उन्होंने कहा कि बाढ़ की वजह से किसानों की फसल औऱ बीज का नुकसान हुआ है। उनको कुछ गिने-चुने पैक्स अध्यक्षों से गेहूं, धान और खाद्य की खरीद करनी होती है। अधिकांश मामलों में खरीद की ही नहीं गई। किसानों को सरकारी मूल्य पर ही बीज का विक्रय किया जाए ये भी सरकार को सुनिश्चित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब पेट्रोल-डीजल, खाद्य तेल और रसोई गैस की कीमतों में इजाफा हुआ है तो किसानों को उनकी उपज की कीमत क्यों नहीं ज्यादा नहीं दी जा रही है। सरकार को इस पर विचार करना चाहिए।
रोजगार के मुद्दे पर भी होगा आंदोलन!
राष्ट्रीय जनता दल के जिलाध्यक्ष ने कहा कि विधानसभा चुनाव के वक्त जब तेजस्वी यादव ने पहली कैबिनेट में ही 10 लाख रोजगार का वादा किया था तब नीतीश कुमार ने कहा था कि 19 लाख युवाओं को रोजगार दिया जायेगा लेकिन अभी तक 1 भी व्यक्ति को रोजगार नहीं मिला। उन्होंने कहा कि रोजगार के मुद्दे पर भी राष्ट्रीय जनता दल पूरे बिहार में आंदोलन करेगी। सारा युवा सड़क पर प्रदर्शन करेगा।