दिल्ली:
यूक्रेन के खार्किव में रूसी गोलीबारी में भारतीय छात्र की मौत हो गई। सरकारी सूत्रों का कहना है कि खार्किव में तेजी से बिगड़ते हालात गंभीर चिंता का विषय हैं। सरकार का मानना है कि उस शहर में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

इमिग्रेशन सेंटर्स तक पहुंचने की कोशिश
इस बीच पूर्व सेनाध्यक्ष और भारतीय आपदा प्रबंधन प्राधिकार के पूर्व वाइस चेयरमैन जनरल एनसी विज ने कहा कि कीव, खार्किव या लवीव जैसे शहरों में फंसे भारतीय खुद को बम शेल्टर्स या बंकर्स में छुपा लें। उन्होंने कहा कि जब तक भारतीय नागरिकों तक समुचित व्यवस्था नहीं मिल जाती वे खुद को सुरक्षित रखें। उनको सुरक्षित साधनों द्वारा इमिग्रेशन सेंटर तक पहुंचने की कोशिश करें।

भारतीय नागरिकों को निकालने की कोशिश
इधर भारतीय नागरिकों को यूक्रेन से निकालने से सिलसिला लगातार जारी है। रूसी सेना का बड़ा काफिला लगातार कीव की तरफ बढ़ता जा रहा है। मंगलवार सुबह यूक्रेन स्थित भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों को सलाह दी है कि वे जल्दी से जल्दी कीव छोड़ दें। दूतावास ने कहा कि जो भी साधन मिले उसके जरिये अविलंब रूस छोड़ दें।