द फॉलोअप डेस्क
धनबाद जिले के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल SNMMCH के सर्जिकल वार्ड में 19 नवंबर की देर रात सियार घुस जाने से हड़कंप मच गया था। वार्ड बॉय ने जब सियार को अंदर आते देखा, तो उसने मरीजों से लाइट जलाने को कहा। जैसे ही रोशनी हुई, सियार तेजी से भाग निकला। गनीमत रही कि उसने किसी पर हमला नहीं किया। इस घटना से अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ खड़ा हुआ है।

इस मामले पर गोविंदपुर में एक निजी अस्पताल के उद्घाटन कार्यक्रम में पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी से पत्रकारों ने सवाल पूछा तो उन्होंने एक बेहद अजीब प्रतिक्रिया दी। मंत्री ने कहा “अस्पताल में बाघ अगर कोई घुसा दे तो इसकी जवाबदेही मेरी नहीं है। डॉक्टर की भी गलती नहीं। शहर में बाघ आ जाता है, गांव के अस्पताल में सांप-चूहा निकलता है, इसमें डॉक्टर क्या कर सकता है? अब अस्पताल में बाघ घुसा दीजिएगा तो मेरी गलती है क्या?” मंत्री का यह बयान तेजी से चर्चा में है और अस्पताल की सुरक्षा को लेकर सरकार की जिम्मेदारी पर नई बहस छेड़ दी है।

इसके साथ ही स्वास्थ्य मंत्री ने राज्य की चिकित्सा व्यवस्था को बेहतर बनाने की योजनाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि धनबाद में बहुत जल्द एक और मेडिकल कॉलेज का शिलान्यास किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि 11 साल पहले बना धनबाद का सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल शुरू करने की दिशा में प्रयास जारी हैं। वहीं, मौजूदा SNMMCH की इमारत जर्जर हो चुकी है, इसलिए उसे पूरी तरह तोड़कर नया भवन बनाया जाएगा। मंत्री ने कहा कि राज्य में तीन नए मेडिकल कॉलेज देने की तैयारी है, जिसमें धनबाद को भी एक और मेडिकल कॉलेज मिलने जा रहा है।