हजारीबाग
हजारीबाग शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में एक नवजात बच्चे की मौत के बाद परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। घटना के बाद अस्पताल परिसर में परिजनों ने जमकर हंगामा किया। वहीं बच्चे की मौत से मां का रो-रोकर बुरा हाल है।
इलाज के दौरान लापरवाही का आरोप
मृतक बच्चे की मां ने बताया कि रात से बच्चा लगातार रो रहा था और सुबह उसे उल्टी भी हुई थी। तबीयत बिगड़ने पर वह इलाज के लिए बच्चे को अस्पताल लेकर पहुंची। ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर ने जांच के बाद बच्चे को भर्ती करने की सलाह दी, जिसके बाद परिजनों ने उसे अस्पताल में भर्ती करा दिया। परिजनों का आरोप है कि भर्ती के बाद नर्सों ने बच्चे को सलाइन चढ़ाने के लिए कई बार नस खोजने का प्रयास किया। मां के अनुसार करीब 15 बार हाथ में सुई लगाने की कोशिश की गई, लेकिन नस नहीं मिल पा रही थी। काफी देर बाद सलाइन शुरू की गई, जिसके बाद बच्चा धीरे-धीरे सुस्त पड़ गया।
डॉक्टर का बचाव, प्रबंधन पर उठे सवाल
कुछ देर बाद डॉक्टर जांच करने पहुंचे और परिजनों से कहा कि बच्चे की हालत गंभीर है तथा उसे दूसरे अस्पताल ले जाना होगा। यह सुनते ही परिजनों के होश उड़ गए। थोड़ी देर बाद बच्चे की मौत हो गई। घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर और नर्सों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया। वहीं डॉक्टर ने अपने बचाव में कहा कि बच्चे को तेज बुखार था और उसकी स्थिति पहले से ही गंभीर थी। डॉक्टर ने इलाज के दौरान मेडिकल प्रक्रिया के तहत प्रयास किए जाने की बात कही है। फिलहाल घटना के बाद परिजनों में भारी आक्रोश है और अस्पताल प्रबंधन की कार्यशैली पर भी सवाल उठ रहे हैं।