द फॉलोअप डेस्क
बिहार में रहने वाले लोग जल्द ही स्लीपर वंदे भारत में यात्रा करने का आनंद उठा सकते हैं। मिली जानकारी के अनुसार, राज्य में लोकल पैसेंजर्स के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस की सुविधा मिलने जा रही है, जो राज्य के यात्रियों के लिए एक बड़ी बात है। यह बिहार की पहली पैसेंजर वंदे भारत ट्रेन होगी, जो यात्रियों को मौसम की तकलीफों से राहत देने का काम करेगी।
रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को किया जाएगा मजबूत
इस बात की जानकारी देते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि बिहार में अब तक 12 वंदे भारत ट्रेनें चल रही हैं, जो 15 जिलों से होकर गुजरती हैं। इसके अलावा राज्य में रेलवे ने लगभग 90,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है, जो कि राज्य के रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए किया जा रहा है। आने वाले दिनों में चेयर कार के बाद, स्लीपर कोच वाली वंदे भारत ट्रेनों का भी परिचालन शुरू किया जाएगा। इन ट्रेनों में 6 एसी कोच और 10 जनरल कोच होंगे। यह ट्रेनें 140 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से पटरी पर दौड़ेगी।
नमो ट्रेन चलाने की भी है योजना
वहीं, वंदे भारत की सफलता के बाद, बिहार में "नमो ट्रेन" की भी योजना है। रेल मंत्री ने कहा कि बजट 2025-26 में भारतीय रेल के विकास के लिए रिकॉर्ड 252,200 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो पिछली यूपीए सरकार के समय से 9 गुना अधिक हैं।
बताया गया कि मंत्री अश्विनी वैष्णव ने यह भी कहा कि यूपीए सरकार के दौरान 2009 से 2014 तक बिहार के लिए औसतन 1132 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया था। जबकि एनडीए सरकार के तहत 2014 से अब तक 1832 किलोमीटर नई रेल लाइनें बिछाई जा चुकी हैं, जो मलेशिया के पूरे रेल नेटवर्क के बराबर हैं। इसके अलावा, 1783 किलोमीटर रेलवे ट्रैक पर "कवच" सुरक्षा प्रणाली भी लगाई जा रही है।